कोविड-19 के कारण ऋण की किश्त के भुगतान में कुछ समय की राहत

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कोविड-19 से ग्रस्त अर्थव्यवस्था में सुधार के लिए भारतीय रिजर्व बैंक ने कुछ उपायों की घोषणा की है । सभी वित्तीय संस्थानों को 1 मार्च 2020 से 31 मई 2020 के बीच पड़ने वाली ऋण व क्रेडिट कार्ड की मासिक  किश्त एवं कार्यशील पूंजी लिमिट पर ब्याज का भुगतान इस अवधि में स्थागित करने की अनुमति दी गई है। आरबीआई  द्वारा दिनांक 27 मार्च 2020 को इस  हेतु परिपत्र जारी किया गया था।  

तत्पश्चात, आरबीआई  के दिनांक 23 मई 2020 के निर्देशानुसार, इस अवधि (1 मार्च 2020 से 31 मई 2020) को 3 माह से बढ़ा कर 31 अगस्त 2020 तक कर दिया गया है।  इस प्रकार, सभी योग्य ऋण खातों पर 6 महीनों की राहत अवधि (moratorium period) प्रदान की गई है। कृपया ध्यान रहे कि राहत अवधि में केवल मासिक किश्त/देय राशि का भुगतान स्थागित किया गया है, मासिक किश्त/देय राशि में कोई छूट नहीं दी गई है

इस राहत हेतु वही ऋण खाता योग्य माना जाएगा, जिसमें खाताधारक ने 1 मार्च 2020 और 31 मई 2020 के बीच पड़ने वाली मासिक किश्त/देय राशि पर राहत लेने के लिये मना नहीं किया था।

हम उन सभी ग्राहकों को राहत (मासिक देय राशि के भुगतान को स्थागित करना) ना लेने के लिये प्रोत्साहित करना उचित समझते हैं जो अपनी  मासिक किश्त/देय राशि का भुगतान जारी रखने में सक्षम हैं, क्योकि इन छह महीने के दौरान लगने वाला ब्याज भी चक्रवृद्धि तरीके से आपके ऋण खाते की बकाया राशि में जुड़ता रहेगा, जो राहत अवधि समाप्त होने के बाद देय होगा। इस प्रकार बाकी  बची हुई ऋण अवधि में मासिक देय किश्त की राशि अथव ऋण की अवधि बढ़ जाएगी। आप उपरोक्त राहत अवधि (moratorium period) लेने के लिये मना कर सकते हैं, उसके लिये पृष्ठ के निचले भाग में दिये गये फ़ॉर्म को भरे। इसके अतिरिक्त आप SMS भेज कर भी राहत अवधि (moratorium period) लेने के लिये मना कर सकते हैं। मोबाइल नम्बर 9211401010 पर SMS “AVAILMRT<SPACE><LOAN A/C NUMBER><SPACE>N”  भेज सकते हैं।

ग्राहक इस राहत अवधि का लाभ प्राप्त करने से ऋण खाते पर पड़ने वाले प्रभाव को पूरी तरह समझ सके, इसके लिये नीचे उसका एक उदाहरण दिया गया है :

उदाहरण: उधारकर्ता के पास निम्नलिखित ऋण बकाया है:

यदि 3 माह के लिये (मार्च, अप्रैल और मई 2020) राहत अवधि का लाभ लिया

यदि 6 माह के लिये (मार्च 2020 से अगस्त 2020 तक) राहत अवधि का लाभ लिया

नोटः उपरोक्त संख्याऐं एवं गणना अनुमानित हैं तथा उपरोक्त उदाहरण ग्राहक की जानकारी हेतु सिर्फ एक दृष्टान्त है।

शिवालिक मर्केंटाइल को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड ने निम्नलिखित नियम व शर्तों को अपने निदेशक मंडल की अनुमति से संस्थापित किया है:

भुगतान का पुनर्निर्धारण – सावधि ऋण  (Term Loan)

सभी सावधि ऋणों को निम्नलिखित शर्तों पर राहत अवधि प्रदान की जायेगी:

  • बैंक उन सभी योग्य सावधि  ऋणों को 3 महीने की राहत अवधि प्रदान करेगा जिनकी मासिक किस्त (मूलधन, ब्याज और शुल्क समेत) 1 मार्च 2020 से 31 मई  2020 के बीच देय होती हैं। यह राहत अवधि 3 अतिरिक्त माह के लिये सभी मासिक किस्तों, जो 1 जून 2020 से 31 अगस्त 2020 के बीच देय होती हैं, के लिये बढ़ाई जाएगी । योग्य सावधि ऋणों  की परिभाषा ऊपर बताई गई है।
  • राहत की इस अवधि में ऋण पर लगने वाले ब्याज पर कोई छूट नहीं मिलेगी। यह ब्याज, अपितु देय नहीं होगा, पर उपार्जित होता रहेगा और राहत अवधि के अंत में ऋण की बकाया राशि में जुड़ जायेगा। यह ब्याज सामान्य रूप से बैंक की मासिक ब्याज आय के रूप में मान्य होगा।
  • दिनांक 31 अगस्त 2020 को  सभी ऋणों को पुनर्निर्धारित किया जाएगा और इनकी ऋण भुगतान अवधि को तदनुसार बढ़ाया जाएगा।
  • इन तीन/छः महीनों की राहत अवधि में उपार्जित हुआ ब्याज ऋण की बकाया राशि में जुड़ जाएगा तथा बढ़ी हुई ऋण भुगतान अवधि में देय होगा।
  • ऐसे पुनर्निर्धारण के लिये ग्राहक के खातों पर कोई शुल्क नहीं लगाया जाएगा।
  • इस नीति के तहत पुनर्निर्धारित होने वाले खातों को परिसंपत्ति वर्गीकरण की अपेक्षाओं के अन्तर्गत एक निचले स्तर पर वर्गीकृत नहीं किया जाएगा। ब्याज भुगतान के पुनर्निर्धारण को भुगतान में चूक ना मानते हुऐ पर्यवेक्षण सूचनाओं के लिये योग्य नहीं माना जायेगा।
  • जो ग्राहक इस राहत योजना का लाभ नहीं लेने के लिये बैंक में आवेदन नहीं करते हैं उनके लिये यह माना जाएगा कि वह निम्नलिखित शर्तों को स्वीकार करते हैं:
    • उनके ऋण की भुगतान अवधि को ऊपर बताई गई राहत अवधि की वजह से बढ़ा दिया  जाएगा।
    • राहत की इस अवधि में ऋण पर लगने वाला ब्याज उपार्जित होता रहेगा और इससे मासिक किश्त की राशि और/या संख्या में वृद्धि हो सकती है।
    • राहत अवधि में स्थागित की गई किश्तों/राशि को NACH/SI के माध्यम से भविष्य में वसूल करने के लिए बैंक अधिकृत होगा।

भुगतान का पुनर्निर्धारण – कार्यशील पूंजी ऋण के लिये

कार्यशील पूंजी के लिये लगाये गये नकद-उधार ऋण और ओवरड्राफ्ट लिमिट ऋण को निम्नलिखित शर्तों पर छूट दी जाएगी:

  • बैंक इन सभी योग्य ऋणों को ब्याज भुगतान में 3 महीने की राहत अवधि प्रदान करेगा जिनमें मासिक ब्याज 1 मार्च 2020 से 31 मई  2020 के बीच देय होगा। यह राहत अवधि 3 अतिरिक्त माह के लिये, यानि 1 जून 2020 से 31 अगस्त 2020 के लिये बढ़ाई जाएगी । योग्य ऋणों  की परिभाषा ऊपर बताई गई है।
  • राहत की इस अवधि में, उपयोग हो चुकी कार्यशील पूंजी लिमिट पर लगने वाले ब्याज पर कोई छूट नहीं मिलेगी। यह ब्याज, अपितु देय नहीं होगा, पर सामान्य रूप से उपार्जित होता रहेगा और लिमिट की बकाया राशि में जुड़ता रहेगा। यह ब्याज सामान्य रूप से बैंक की मासिक ब्याज आय के रूप में मान्य होगा।
  • दिनांक 31 अगस्त 2020 तक की इस राहत अवधि में उपार्जित ब्याज एक वित्तपोषित ब्याज ऋण (Funded Interest Term Loan) में परिवर्तित किया जा सकता है जिसका भुगतान ग्राहक को 31 मार्च 2021 तक करना पड़ेगा। इस हेतु अतिरिक्त जानकारी समयानुसार दी जायेगी।
  • ग्राहक इस उपार्जित ब्याज का भुगतान इस राहत अवधि के पूरा होने के तुरंत बाद भी कर सकते हैं।

नियम और शर्तें

  • उपर दी गई जानकारी आरबीआई और भारत सरकार द्वारा दिये गये दिशानिर्देश के अनुसार है। सरकार, आरबीआई और अन्य नियामक निकायों द्वारा आगे जारी किए जाने वाले दिशानिर्देशों और नीतियों के आधार पर इस जानकारी में परिवर्तन आ सकता है।
  • ऋण राशि गणना का उपर दिया गया उदाहरण सिर्फ एक दृष्टान्त है और वास्तविक परिस्थिति में खाते के अनुसार बदलाव आ सकता है। ग्राहकों को पूर्ण रूप से इस राहत अवधि का प्रभाव समझाने के लिये यह सिर्फ एक उदाहरण है। ग्राहकों को सलाह दी जाती है  कि वे अपने विकल्प के संबंध में स्वतंत्र वित्तीय सलाह लें।
  • ग्राहक को राहत अवधि प्रदान करने का अंतिम निर्णय बैंक के एकाधिकार पर होगा।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

आपकी सुविधा के लिए, अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न नीचे दिए गए हैं:

प्रश्न- सावधि (टर्म) ऋण के लिए (3 महीने +3 महीने) की आरबीआई  राहत अवधि का क्या अर्थ है?

उत्तर- वैश्विक महामारी की परिस्थितियों को देखते हुए, आरबीआई ने सभी वित्तीय संस्थानों को 1 मार्च 2020 से 31 मई 2020 के बीच पड़ने वाली ऋण की मासिक किश्त का भुगतान इस अवधि में स्थागित करने की अनुमति दी है। यह राहत अवधि उन खातों के लिए 3 महीने और बढ़ा दी जाएगी जिन ग्राहकों ने मार्च से मई 2020 तक इस विकल्प का लाभ उठाया है।

कृपया ध्यान रखिये कि आरबीआई और भारत सरकार द्वारा दिये गये दिशानिर्देशानुसार राहत अवधि में भुगतान केवल स्थागित किया जा रहा है, मासिक देय राशि के भुगतान की कोई छूट नहीं दी जा रही है।

अगर आप इस राहत सुविधा का लाभ लेते हैं, तो देय राशि का 6 महीनों तक भुगतान ना करने के बावजूद आपके क्रेडिट स्कोर  में कोई अंतर नहीं पड़ेगा, लेकिन ब्याज, ऋण समझौते के अनुसार, उपर्जित किया जाता रहेगा।

प्रश्न- कार्यशील पूंजी हेतु लिमिट में (3 महीने + 3 महीने) आरबीआई  राहत अवधि का क्या अर्थ है ?

उत्तर- वैश्विक महामारी की परिस्थितियों को देखते हुए, आरबीआई ने सभी वित्तीय संस्थानों को 1 मार्च 2020 से 31 मई 2020 के बीच देय होने वाले मासिक ब्याज का भुगतान इस अवधि में स्थागित करने की अनुमति दी है। यह राहत अवधि उन खातों के लिए 3 महीने और बढ़ा दी जाएगी जिन ग्राहकों ने मार्च से मई 2020 तक इस विकल्प का लाभ उठाया है।

कृपया ध्यान रखिये कि आरबीआई और भारत सरकार द्वारा दिये गये दिशानिर्देशानुसार राहत अवधि में भुगतान केवल स्थागित किया जा रहा है, मासिक देय राशि के भुगतान की कोई छूट नहीं दी जा रही है।

अगर आप इस राहत सुविधा का लाभ लेते हैं, तो देय राशि का 6 महीनों तक भुगतान ना करने के बावजूद आपके क्रेडिट स्कोर  में कोई अंतर नहीं पड़ेगा, लेकिन ब्याज, ऋण समझौते के अनुसार, उपर्जित किया जाता रहेगा।

प्रश्न- 6 महीने की राहत अवधि पूरी होने के बाद क्या होगा?

उत्तर- 6 महीने की राहत अवधि पूरी होने के बाद निम्नलिखित नीति को अपनाया जाएगा:

सावधि ऋण  (Term Loan): दिनांक 31 अगस्त 2020 को  सभी ऋणों को पुनर्निर्धारित किया जाएगा और इनकी ऋण भुगतान अवधि को तदनुसार बढ़ाया जाएगा। इससे मासिक किश्त भी बढ़ सकती है। अतः आपको पूर्ण उपार्जित ब्याज 1 सितम्बर को एकमुश्त नहीं चुकाना होगा।

कार्यशील पूंजी लिमिट के लिये: 1 मार्च से 31 अगस्त 2020 तक की राहत अवधि में उपार्जित ब्याज, ऋण खाते में जोड़ दिया जाएगा और इसे एक सावधि ऋण  (Term Loan) में परिवर्तित किया जा सकता है जिसकी समापन तारीख 31 मार्च 2021 होगी।

प्रश्न- क्या यह राहत अवधि मेरे समेत सभी ग्राहकों पर लागू होती है?

उत्तर- आरबीआई  ने सभी बैंकों को अपने स्वेच्छानिर्णय से राहत देने की अनुमति दी है। बैंक पात्रता के मापदंडों को स्वयं परिभाषित कर सकते हैं। शिवालिक बैंक ने सभी ग्राहकों को यह भुगतान राहत अवधि देने का निर्णय किया है क्योंकि कई ग्राहक ऐसे समय में इस भुगतान राहत के लिये आवेदन देने में असमर्थ हो सकते हैं। यह योजना आपकी ऋण विश्वस्तता की परख (क्रेडिट स्कोर) को संरक्षित करने के लिये बनायी गई है जो की गैर-भुगतान के कारण कम हो सकती है और इससे आप आपने खाते में ऋण भुगतान में चूक होने पर लगने वाले शुल्क से भी बच जायेंगे।

फिर भी अगर कोई ग्राहक अपने ऋण (सावधि ऋण/ कार्यशील पूंजी लिमिट) के लिये इस भुगतान राहत अवधि का लाभ नहीं लेना चाहते हैं, तो वे इस पृष्ठ के अंत में दिया गया फॉर्म भर कर बैंक में आवेदन दे सकते हैं । बैंक 7 कार्य दिवसों के भीतर आपके ऋण भुगतान को पुनर्निर्धारित कर देगा । इसके अतिरिक्त ग्राहक मोबाइल नम्बर 9211401010 पर SMS “AVAILMRT<SPACE><LOAN A/C NUMBER><SPACE>N” भी भेज सकते हैं।

प्रश्न- यदि मैं इस राहत अवधि का लाभ लेता हूं, तो क्या इस राहत अवधि के दौरान ऋण पर ब्याज लगाया जाएगा ?

उत्तर- आरबीआई द्वारा दिये गये दिशानिर्देश के अनुसार इस राहत अवधि के दौरान ऋण पर ब्याज लगाया जाता रहेगा।

प्रश्न- क्या यह भुगतान राहत का लाभ लेने से मेरे क्रेडिट स्कोर (ऋण विश्वस्तता की परख) पर कोई प्रभाव पड़ेगा?

उत्तर- इस भुगतान राहत का लाभ लेने से आपके क्रेडिट स्कोर (ऋण विश्वस्तता की परख) पर कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा।

प्रश्न- यदि मैं इस राहत अवधि का लाभ नहीं लेना चाहता, तो इसके लिये मुझे क्या करना है?

उत्तर- यदि ग्राहक अपने ऋण (सावधि ऋण/ कार्यशील पूंजी लिमिट) के लिये इस भुगतान राहत अवधि का लाभ नहीं लेना चाहते है, तो वे इस पृष्ठ के अंत में दिया गया फॉर्म भर कर बैंक में आवेदन दे सकते हैं । बैंक 7 कार्य दिवसों के भीतर आपके ऋण भुगतान को पुनर्निर्धारित कर देगा । इसके अतिरिक्त ग्राहक मोबाइल नम्बर 9211401010 पर SMS “AVAILMRT<SPACE><LOAN A/C NUMBER><SPACE>N” भी भेज सकते हैं।

प्रश्न- 1 मार्च 2020 तक की बकाया देय राशि का भुगतान ना करने पर क्या हो सकता है?

उत्तर- भारतीय रिजर्व बैंक के दिशानिर्देशों के अनुसार, 1 मार्च 2020 से पहले की बकाया भुगतान राशि पर कोई राहत नहीं दी गई है। अतः इस देय राशि का भुगतान ना करने पर बैंक के नियमों और शर्तों के अनुसार जुर्माना/ अर्थदण्ड देय होगा। इसकी सूचना क्रेडिट ब्यूरो में भी दी जाएगी और इससे आपके क्रेडिट स्कोर (ऋण विश्वस्तता की परख) पर भी प्रभाव पड़ेगा। बैंक आपको सलाह देता है कि आप 1 मार्च 2020 से पहले की पूरी बकाया राशि का जल्द से जल्द भुगतान करें।

प्रश्न- क्या यह योजना ऋण भुगतान में दी गई एक छूट है या कुछ समय के लिये एक राहत है?

उत्तर- बैंक द्वारा दी जाने वाली यह सुविधा केवल राहत अवधि में भुगतान को स्थागित करने तक सीमित है, भुगतान की कोई छूट नहीं दी जा रही है।

प्रश्न- मैं अपनी मासिक देय राशि का भुगतान जारी रखना चाहता हूँ, तो मेरे स्तर पर मुझे क्या करना आवश्यक है?

उत्तर- इस स्थिति में, आपके द्वारा कोई कार्रवाई आवश्यक नहीं है। आप हमेशा की तरह मासिक देय राशि का भुगतान करना जारी रख सकते हैं। आपका ऋण अपने प्रारंभिक  भुगतान  अनुसूची  के अनुसार जारी रहेगा ।

प्रश्न- मैं  स्वयं बैंक आकर अपनी मासिक किश्तों का भुगतान करता हूं। क्या मुझे अपनी किश्तों के भुगतान में इस राहत योजना का लाभ लेने के लिये अलग से आवेदन करना होगा ?

उत्तर- यदि आप स्वयं बैंक आकर अपनी मासिक किश्तों का भुगतान करते रहे हैं तो आपके निजी रूप से कोई कार्रवाई करने की आवश्यकता नहीं है। आप राहत अवधि पूरा होने के बाद यानि पहली सितंबर 2020 के बाद अपनी मासिक देय राशि का भुगतान शुरू कर सकते हैं। ऋण की कुल अवधि को तदनुसार बढ़ा दिया  जाएगा।

प्रश्न- अगर मेरे पास एक से अधिक ऋण खाते है, तो क्या राहत अवधि की सुविधा सभी ऋण खातों पर  ली जा सकती है?

उत्तर- हां, जैसा कि ऊपर व्यक्त किया गया है, सभी ऋण खाते राहत अवधि के लिए पात्र होंगे।

प्रश्न- क्या मासिक देय राशि के भुगतान में राहत अवधि की सुविधा लेने के लिये आवेदन करना अनिवार्य है ?

उत्तर- नहीं। यह ग्राहक को स्वयंचुनने का अधिकार है। फिर भी हम उन ग्राहकों को समयानुसार भुगतान करने की सलाह देते हैं जिनके पास पर्याप्त पूंजी जमा है ताकि वे इस दौरान जमा हुए देय याज के कारण भविष्य में बढ़ी  हई  भुगतान राशि के बोझ से बच सकें।

प्रश्न- क्या इस राहत अवधि में मासिक देय राशि का भुगतान ना करने से भविष्य में मासिक देय राशि बढ़ जाएगी ?

उत्तर- राहत अवधि का लाभ लेने की वजह से सितंबर 2020 से मासिक देय राशि में परिवर्तन किया जायेगा। इस राहत अवधि में ब्याज का भुगतान ना होने की वजह से भविष्य की मासिक देय राशि और उनकी कुल संख्या में बदलाव आ सकता है।

प्रश्न- यदि मेरे खाते में पर्याप्त राशि शेष है और मैं 6 महीने की भुगतान राहत अवधि का लाभ नहीं लेता हूँ, तो क्या ऋण खाते के संबंध में मेरे प्रारंभिक निर्देशों में कोई परिवर्तन हो सकता है?

उत्तर- अगर आपने  प्रारंभिक निर्देशों (एसआई) में परिवर्तन के लिये कोई आवेदन नहीं दिया है तो उनमें कोई परिवर्तन नहीं आयेगा, जिसका अर्थ है कि मासिक देय राशि पूर्वव्रत वसूल की जाती रहेगी।

प्रश्न- मैंने मासिक देय राशि के भुगतान में राहत अवधि का विकल्प चुना है लेकिन मैं 1-2 महीने के बाद मासिक देय राशि का पहले की तरह भुगतान जारी रखना चाह्ता हूँ तो इसका क्या असर होगा ?

उत्तर- अगर आपने राहत अवधि का विकल्प लिया है तो भी आप अपनी मासिक देय राशि का भुगतान करना जारी रख सकते हैं । जब आपके खाते को राहत अवधि के बाद पुनर्निर्धारित किया जाएगा, तो आपको मासिक देय राशि पर भुगतान किये गये ब्याज का लाभ मिलेगा। शिवालिक बैंक आपको हर प्रकार से  सुविधा देने के लिये तत्पर है जो इस वैश्विक महामारी के दौरान आपकी  वित्तीयस्थिति को मजबूत और  स्थिर रखने में आपके लिये सहायक होगी।

प्रश्न- यदि मैंने पहले ही मार्च 2020 के लिए अपनी मासिक देय राशि का भुगातान कर दिया है या मार्च, अप्रैल, मई, जून, जुलाई या अगस्त 2020 के लिए मासिक देय राशि का भुगतान के लिये एक स्थायी निर्देश दे चुका हूँ तो इससे भुगतान की गई पूंजी पर क्या असर पड़ेगा?

उत्तर- उन ग्राहकों के लिए, जिन्होंने राहत अवधि के विकल्प का चयन किया है, जो कि एक पूर्व निर्धारित विकल्प है, उनकी भुगतान की गई पूंजी उनके ऋण खाते में अग्रिम भुगतान के रूप में रख दी जाएगी और राहत अवधि समाप्त होने के बाद पुनर्भुगतान की राशि के साथ समायोजित कर दी जाएगी। हालांकि, यह जमा पूंजी उधारकर्ताओं को वापस नहीं की जा सकेगी ।

जो ग्राहक इस भुगतान राहत अवधि का लाभ नहीं लेते हैं, उनके लिये मार्च, अप्रैल, मई, जून जुलाई और अगस्त 2020 में ऋण भुगतान पहले की तरह जारी रहेगा। इस दौरान ग्राहक द्रारा जमा की गई कोई भी राशि उनके पुनर्भुगतान राशि के साथ समायोजित कर दी  जाएगी।

ग्राहकों से अनुरोध है कि अगर वे भुगतान राहत अवधि का लाभ नहीं लेना चाहते हैं तो नीचे दिए गए फॉर्म को भरें और बैंक में आवेदन के लिये इसे जमा करे। हर ऋण खाते के लिए अलग-अलग फॉर्म जमा करने होंगे।

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